लाइसेंस सिर्फ पेट्रोल पंप को, फिर भी बायपास पर खुला खेल — प्रशासन और पुलिस की चुप्पी पर सवाल
कोरबा। मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध के असर से शहर में डीजल संकट गहराने लगा है। मंगलवार को कई पेट्रोल पंप ड्राई हो गए, जिसके बाद प्रशासन ने पंपों पर सीधे वाहनों की टंकी में रिफलिंग के निर्देश जारी किए। लेकिन इन आदेशों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
शहर के राताखार बायपास पर मुक्तिधाम से गौशाला के बीच अवैध फ्यूल रिफलिंग का खेल बेखौफ जारी है। यहां 24 घंटे मॉडिफाई टैंकरों (पिकअप) के जरिए सड़क किनारे खड़े होकर मालवाहक वाहनों में सीधे डीजल भरा जा रहा है। यह न केवल पेट्रोलियम नियम 2002 का उल्लंघन है, बल्कि किसी बड़े हादसे को भी न्योता दे रहा है।
जानकारी के अनुसार, इस इलाके में प्रतिदिन करीब 2 टैंकर सक्रिय रहते हैं, जो सुबह से रात तक राखड़ और कोयला परिवहन में लगे लगभग 200 वाहनों में डीजल भरते हैं। अनुमान है कि रोज़ाना करीब 5 टैंकर डीजल की खपत इस अवैध नेटवर्क के जरिए हो रही है। यह सिलसिला पिछले 15 दिनों से लगातार जारी है, लेकिन प्रशासन और पुलिस की नजर इस पर नहीं पड़ रही।
⚠️ चोरी और बायो डीजल का शक गहराया
जिले में एसईसीएल खदानों से डीजल चोरी के मामले पहले भी सामने आते रहे हैं। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि चोरी का डीजल और बाहरी राज्यों से लाया गया सस्ता बायो डीजल इसी तरह के टैंकरों के जरिए खपाया जा रहा है। पहले भी ऐसे कई मामलों में टैंकर पकड़े जा चुके हैं, लेकिन फिर भी यह खेल थमने का नाम नहीं ले रहा।
💸 बाजार से 10 रुपये सस्ता, इसलिए बढ़ रही मांग
बालको की ओर जा रहे एक चालक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि पेट्रोल पंप की तुलना में यहां 10 रुपये प्रति लीटर सस्ता डीजल मिलता है। इससे रोज़ाना 400-500 रुपये तक की बचत हो जाती है। यही वजह है कि अधिकतर मालवाहक वाहन चालक इस अवैध रिफलिंग की ओर आकर्षित हो रहे हैं।
🚫 सड़क पर रिफलिंग पूरी तरह अवैध और खतरनाक
पेट्रोल डीलर एसोसिएशन के अनुसार, पेट्रोल-डीजल की बिक्री केवल अधिकृत पेट्रोल पंप या सुरक्षित यार्ड में ही की जा सकती है। इसके लिए एक्सप्लोसिव लाइसेंस और फायर सेफ्टी के कड़े नियम होते हैं। सड़क किनारे टैंकर से रिफलिंग करना पूरी तरह अवैध है और छोटी सी चिंगारी भी बड़े विस्फोट का कारण बन सकती है।
🗣️ अधिकारी बोले — होगी जांच और कार्रवाई
जिला खाद्य अधिकारी घनश्याम सिंह ने कहा कि पेट्रोल पंप से केवल सीधे वाहनों की टंकी में ही फ्यूल भरने का नियम है। टैंकर या अलग टंकी में फ्यूल देना नियम विरुद्ध है।
उन्होंने कहा कि मामले की जानकारी मिली है, जांच कराकर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।



